Warning from the Department of Agriculture : मच्छरों से बचाव के नाम पर हानिकारक रसायनों से सावधान: जौनपुर कृषि विभाग का चेतावनी

जौनपुर जिले में मच्छरों से बचाव हेतु बाजार में उपलब्ध कई उत्पादों को लेकर जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने चेतावनी जारी की है। 23 मार्च 2026 को जिला कृषि कार्यालय जौनपुर ने बताया कि वर्तमान समय में जनपद के बाजारों में मच्छरों से सुरक्षा के लिए अगरबत्ती, क्वायल और लिक्विड के रूप में कई उत्पाद बिक रहे हैं। हालांकि, इनमें से कुछ उत्पादों में अपंजीकृत कीट नाशक रसायन जैसे डाइमफ्लुथ्रिन (Dimefluthrin) और मेपरफ्लुथ्रिन (Meperfluthrin) का उपयोग किया जा रहा है। ये रसायन स्वास्थ्य के लिए गंभीर रूप से हानिकारक हैं और इनका उपयोग करने से पहले सावधानी बरतना अनिवार्य है।
जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने विशेष रूप से स्लीप वेल और कम्फर्ट जैसे ब्रांड के उत्पादों की ओर ध्यान आकर्षित किया है। इन उत्पादों में रसायनों का प्रयोग ऐसा है, जो न केवल इंसानों के लिए बल्कि पालतू जानवरों और पर्यावरण के लिए भी जोखिम पैदा कर सकता है। डाइमफ्लुथ्रिन और मेपरफ्लुथ्रिन, दोनों ही सिंथेटिक पायरथ्रोइड्स श्रेणी के कीटनाशक हैं। ये रसायन कीटों को मारने में प्रभावी हो सकते हैं, लेकिन इनका अत्यधिक या अनियंत्रित उपयोग गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को जन्म दे सकता है।
स्वास्थ्य पर संभावित प्रभाव
डाइमफ्लुथ्रिन और मेपरफ्लुथ्रिन से उत्पन्न स्वास्थ्य जोखिमों में त्वचा जलन, आंखों में जलन, सांस लेने में कठिनाई, सिरदर्द, मतली, चक्कर आना और लंबे समय तक संपर्क में रहने पर न्यूरोलॉजिकल समस्याएं शामिल हो सकती हैं। बच्चों, गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों पर इनके दुष्प्रभाव और भी गंभीर हो सकते हैं। लिक्विड और क्वायल जैसे उत्पादों से लगातार संपर्क में आने पर फेफड़ों और त्वचा पर दीर्घकालिक प्रभाव पड़ने की संभावना रहती है।
अधिकारी ने नागरिकों से अपील की है कि मच्छरों से बचाव के लिए बाजार में बिकने वाले उत्पादों का क्रय करते समय उनकी गुणवत्ता, पंजीकरण संख्या और उत्पाद पर दी गई सुरक्षा निर्देशों की जांच अवश्य करें। यदि कोई उत्पाद अपंजीकृत रसायन का उपयोग कर रहा है, तो उसे बिल्कुल न खरीदें।
जागरूकता और सूचना का महत्व
जिला कृषि कार्यालय ने सभी नागरिकों और दुकानदारों से अपील की है कि किसी भी अपंजीकृत या संदिग्ध उत्पाद का विक्रय या वितरण करते हुए उन्हें देखे जाने पर तुरंत सूचनाएं जिला कृषि रक्षा अधिकारी को दें। इसके लिए मोबाइल नंबर 9919225900 उपलब्ध कराया गया है। इससे न केवल नागरिकों का स्वास्थ्य सुरक्षित रहेगा बल्कि अवैध उत्पादों के प्रसार को भी रोका जा सकेगा।
इस चेतावनी का उद्देश्य सिर्फ लोगों को डराना नहीं है, बल्कि उन्हें सतर्क करना और सुरक्षित विकल्प अपनाने की दिशा में मार्गदर्शन करना है। मच्छरों से बचाव के लिए पर्यावरण और स्वास्थ्य दोनों के अनुकूल विकल्प उपलब्ध हैं। इनमें नीम तेल, लेमनग्रास, सिट्रॉनला ऑयल आधारित अगरबत्तियां और प्रमाणित ब्रांड्स के क्वायल तथा लिक्विड शामिल हैं। इनका उपयोग सुरक्षित तरीके से किया जा सकता है और यह मानक स्वास्थ्य दिशा-निर्देशों के अनुरूप हैं।

सुरक्षित विकल्प और उपाय
- प्रमाणित उत्पादों का उपयोग: केवल सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त और पंजीकृत कीटनाशक का ही उपयोग करें।
- सही मात्रा में प्रयोग: अगरबत्ती, क्वायल या लिक्विड का उपयोग निर्देशों के अनुसार ही करें। अत्यधिक धुआं या लिक्विड का प्रयोग स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर डाल सकता है।
- हवादार स्थान पर उपयोग: मच्छर भगाने वाले उत्पादों को हमेशा हवादार जगह पर जलाएं या रखें। इससे जहरीली गैसों के संपर्क का खतरा कम होगा।
- विकल्पी प्राकृतिक उपाय: नीम की पत्तियां, तुलसी के पौधे, सिट्रॉनला तेल और अन्य प्राकृतिक उपाय भी मच्छरों को भगाने में प्रभावी हैं।
- सफाई और जल निकासी: मच्छरों के प्रजनन को रोकने के लिए आसपास के पानी के जमाव और गंदगी को साफ रखें।
प्रशासन की भूमिका
जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि जिले में ऐसे अपंजीकृत उत्पादों की नियमित जांच और निरीक्षण किया जा रहा है। यदि कोई व्यक्ति या विक्रेता इन नियमों का उल्लंघन करता पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि केवल सुरक्षित और प्रमाणित उत्पाद ही बाजार में उपलब्ध हों।
साथ ही, प्रशासन लगातार लोगों को जागरूक करने के लिए विभिन्न माध्यमों का उपयोग कर रहा है—जैसे प्रेस विज्ञप्ति, स्थानीय समाचार चैनल, सोशल मीडिया और सार्वजनिक बैठकें। इससे नागरिकों में सुरक्षा और जागरूकता की भावना बढ़ रही है।
निष्कर्ष
जौनपुर जिले में मच्छरों से बचाव के लिए बाजार में उपलब्ध अगरबत्ती, क्वायल और लिक्विड उत्पादों के उपयोग को लेकर जारी चेतावनी समय पर दी गई महत्वपूर्ण सूचना है। डाइमफ्लुथ्रिन और मेपरफ्लुथ्रिन जैसे अपंजीकृत रसायनों से स्वास्थ्य पर गंभीर दुष्प्रभाव हो सकते हैं। नागरिकों को चाहिए कि वे केवल प्रमाणित और सुरक्षित उत्पादों का ही उपयोग करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत जिला कृषि कार्यालय को दें।
यह पहल न केवल नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करती है, बल्कि जिले में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने और अवैध या हानिकारक उत्पादों के वितरण को रोकने में भी सहायक है। जागरूकता, सतर्कता और सही विकल्प ही मच्छरों से सुरक्षित रहने और स्वास्थ्य को सुरक्षित रखने की कुंजी हैं।
News Editor- (Jyoti Parjapati)
सभी समाचार देखें सिर्फ अनदेखी खबर सबसे पहले सच के सिवा कुछ नहीं ब्यूरो रिपोर्टर :- अनदेखी खबर ।
YouTube Official Channel Link:
https://youtube.com/@atozcrimenews?si=_4uXQacRQ9FrwN7q
YouTube Official Channel Link:
https://www.youtube.com/@AndekhiKhabarNews
Facebook Official Page Link:
https://www.facebook.com/share/1AaUFqCbZ4/
Whatsapp Group Join Link:
https://chat.whatsapp.com/KuOsD1zOkG94Qn5T7Tus5E?mode=r_c
अनदेखी खबर न्यूज़ पेपर भारत का सर्वश्रेष्ठ पेपर और चैनल है न्यूज चैनल राजनीति, मनोरंजन, बॉलीवुड, व्यापार और खेल में नवीनतम समाचारों को शामिल करता है। अनदेखी खबर न्यूज चैनल की लाइव खबरें एवं ब्रेकिंग न्यूज के लिए हमारे चैनल को Subscribe, like, share करे।
आवश्यकता :- विशेष सूचना
(प्रदेश प्रभारी)
(मंडल प्रभारी)
(जिला ब्यूरो प्रमुख)
(जिला संवाददाता)
(जिला क्राइम रिपोर्टर)
(जिला मीडिया प्रभारी जिला)
(विज्ञापन प्रतिनिधि)
(तहसील ब्यूरो)
(प्रमुख तहसील संवाददाता