
हापुड़। जनपद हापुड़ में ग्राम नयागांव निवासी नेपाल सिंह को तेंदुए द्वारा घायल किए जाने की सूचना मिलने के बाद वन विभाग तत्काल सक्रिय हुआ। 11 अगस्त 2026 को दोपहर सूचना प्राप्त होने पर डीएफओ गौतम सिंह अपने स्टाफ के साथ तत्काल गढ़मुक्तेश्वर स्थित अस्पताल पहुंचे। उन्होंने नेपाल सिंह का निरीक्षण किया और उनसे घटना के संबंध में बातचीत कर जानकारी प्राप्त की।
डीएफओ ने नेपाल सिंह के शरीर पर लगी खरोंच के निशानों को भी देखा। प्राथमिक निरीक्षण के दौरान वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि दिखाई दे रहे खरोंच के निशान तेंदुए के हमले के निशान स्पष्ट रूप से प्रतीत नहीं होते हैं। नेपाल सिंह को लगी खरोंच काफी कम गहरी और सीमित लंबाई की बताई गई। अधिकारियों के अनुसार, यह खरोंच किसी अन्य जानवर के कारण भी हो सकती है।
वन विभाग द्वारा किए गए इस प्राथमिक निरीक्षण के बावजूद क्षेत्र में किसी भी संभावित वन्यजीव गतिविधि को लेकर सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने ग्रामीणों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लोगों से अपील की है कि यदि किसी भी स्थान पर तेंदुआ दिखाई देता है तो उसके करीब जाने या उसे घेरने के बजाय तत्काल वन विभाग को सूचना दी जाए।
नेपाल सिंह का उपचार जिला अस्पताल में कराया गया। उपचार के दौरान वन विभाग के कर्मचारी मौके पर मौजूद रहे और उनकी स्थिति की जानकारी लेते रहे। डीएफओ गौतम सिंह ने नेपाल सिंह से बातचीत कर घटना से जुड़े तथ्यों को समझने का प्रयास किया और आवश्यक जानकारी प्राप्त की।
अस्पताल में निरीक्षण के बाद डीएफओ गौतम सिंह ने वन विभाग के कर्मचारियों के साथ संबंधित ग्रामीण क्षेत्रों का भी दौरा किया। टीम नयागांव, आलमपुर और भगवंतपुर पहुंची और क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने आसपास के इलाकों की स्थिति देखी तथा ग्रामीणों से बातचीत कर किसी वन्यजीव की गतिविधि से संबंधित जानकारी जुटाई।
ग्रामीणों से बातचीत के दौरान वन विभाग की टीम ने लोगों को तेंदुए से सुरक्षा के उपायों के बारे में जानकारी दी। ग्रामीणों को बताया गया कि यदि किसी क्षेत्र में तेंदुआ दिखाई दे तो घबराकर उसके पीछे न जाएं और न ही उसे पकड़ने अथवा भगाने का प्रयास करें। ऐसी स्थिति में सुरक्षित स्थान पर रहकर तत्काल वन विभाग को सूचना देना सबसे उचित कदम है।
वन विभाग ने ग्रामीणों से विशेष रूप से सतर्क रहने की अपील की। लोगों को सलाह दी गई कि खेतों, झाड़ियों और सुनसान स्थानों पर जाते समय सावधानी बरतें। विशेषकर सुबह और शाम के समय आसपास के क्षेत्र पर नजर रखें और बच्चों को अकेले ऐसे स्थानों पर न भेजें जहां वन्यजीव की मौजूदगी की आशंका हो।
डीएफओ ने ग्रामीणों को समझाया कि किसी भी जंगली जानवर के दिखाई देने पर भीड़ एकत्र करना या उसके करीब जाकर फोटो अथवा वीडियो बनाने का प्रयास नहीं किया जाना चाहिए। ऐसा करना व्यक्ति के लिए जोखिम पैदा कर सकता है और वन्यजीव भी असुरक्षित महसूस कर सकता है।
वन विभाग की टीम ने ग्रामीणों से यह भी कहा कि यदि किसी स्थान पर तेंदुए के पैरों के निशान, आवाज या अन्य संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो उसे नजरअंदाज न करें। इसकी सूचना तत्काल संबंधित वन विभाग के कर्मचारियों या अधिकारियों को दी जाए, ताकि विभाग मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण कर सके।

नेपाल सिंह को लगी चोट के संबंध में वन विभाग के प्राथमिक निरीक्षण में खरोंच के निशान तेंदुए के स्पष्ट हमले से मेल नहीं खाते पाए गए। अधिकारियों के अनुसार, खरोंच कम गहरी और लंबाई में सीमित है तथा किसी अन्य जानवर के कारण होने की संभावना भी हो सकती है। फिर भी ग्रामीणों की सुरक्षा को देखते हुए विभाग द्वारा क्षेत्र में सतर्कता बरती जा रही है।
डीएफओ गौतम सिंह ने क्षेत्र के ग्रामीणों से बातचीत के दौरान कहा कि वन्यजीवों से जुड़ी किसी भी सूचना को गंभीरता से लिया जाएगा। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी वन्यजीव के दिखाई देने की स्थिति में स्वयं कार्रवाई करने के बजाय वन विभाग को सूचना दें।
क्षेत्र के निरीक्षण के दौरान वन विभाग के कर्मचारियों ने ग्रामीणों से संभावित वन्यजीव गतिविधियों की जानकारी ली। अधिकारियों ने यह जानने का प्रयास किया कि क्या आसपास के क्षेत्र में किसी अन्य व्यक्ति ने तेंदुआ या कोई जंगली जानवर देखा है। ग्रामीणों से प्राप्त जानकारी के आधार पर विभाग आगे की निगरानी और आवश्यक कार्रवाई करेगा।
वन विभाग ने लोगों को सलाह दी कि रात के समय अनावश्यक रूप से अकेले बाहर न निकलें और घरों के आसपास पर्याप्त रोशनी रखें। खेतों या झाड़ियों के आसपास जाते समय समूह में रहने को प्राथमिकता दी जाए। किसी जंगली जानवर की मौजूदगी की आशंका होने पर सुरक्षित दूरी बनाए रखना जरूरी है।
ग्रामीणों को यह भी बताया गया कि तेंदुए या किसी अन्य वन्यजीव को घेरने की कोशिश न करें। यदि वह दिखाई दे तो शांत रहें और उससे पर्याप्त दूरी बनाए रखें। वन विभाग की टीम को सूचना मिलने पर प्रशिक्षित कर्मचारी मौके पर पहुंचकर स्थिति का आकलन करेंगे।
डीएफओ के निर्देश पर वन विभाग के कर्मचारी क्षेत्र में निगरानी बनाए रखेंगे। नयागांव, आलमपुर और भगवंतपुर सहित आसपास के इलाकों में ग्रामीणों से संपर्क कर किसी भी नई सूचना को प्राप्त किया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर विभाग द्वारा अतिरिक्त निगरानी की व्यवस्था भी की जा सकती है।
वन विभाग की टीम द्वारा अस्पताल पहुंचकर घायल बताए गए ग्रामीण का निरीक्षण करने और इसके बाद संबंधित गांवों का दौरा करने से क्षेत्र में लोगों के बीच जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया गया। विभाग ने स्पष्ट किया कि वन्यजीवों से संबंधित किसी भी घटना में सही जानकारी प्राप्त करना और समय पर सूचना देना बेहद महत्वपूर्ण है।
ग्रामीणों ने भी वन विभाग के अधिकारियों को क्षेत्र की स्थिति के संबंध में जानकारी दी। अधिकारियों ने उनकी समस्याओं और आशंकाओं को सुना तथा सुरक्षा संबंधी आवश्यक सावधानियों के बारे में बताया। ग्रामीणों से सहयोग बनाए रखने की अपील की गई।
वन विभाग का कहना है कि फिलहाल नेपाल सिंह की चोट के निशानों को तेंदुए के हमले का स्पष्ट प्रमाण नहीं माना गया है। खरोंच की प्रकृति के आधार पर किसी अन्य जानवर की संभावना भी बताई गई है। हालांकि क्षेत्र में संभावित तेंदुए की गतिविधि को लेकर किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जा रही है।
अधिकारियों ने ग्रामीणों से कहा कि तेंदुए की पुष्टि या किसी अन्य वन्यजीव की गतिविधि संबंधी जानकारी केवल विभागीय निरीक्षण के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। इसलिए लोगों को अपुष्ट खबरों और अफवाहों से बचना चाहिए।
वन विभाग ने ग्रामीणों को यह भी बताया कि वन्यजीव दिखाई देने की स्थिति में तुरंत सूचना देने से विभाग समय रहते आवश्यक कदम उठा सकता है। इससे लोगों की सुरक्षा के साथ-साथ वन्यजीव की सुरक्षा भी सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
11 अगस्त 2026 को हुई इस कार्रवाई के दौरान डीएफओ गौतम सिंह ने स्वयं अस्पताल पहुंचकर नेपाल सिंह का निरीक्षण किया, उनसे बातचीत की और बाद में नयागांव, आलमपुर तथा भगवंतपुर क्षेत्र का दौरा किया। ग्रामीणों को तेंदुए से बचाव और सतर्कता के उपाय बताए गए।
वन विभाग की ओर से लोगों से एक बार फिर अपील की गई है कि यदि किसी व्यक्ति को क्षेत्र में तेंदुआ दिखाई देता है तो वह तत्काल वन विभाग को सूचना दे। तेंदुए के पीछे जाने, उसे घेरने या भीड़ इकट्ठा करने से बचें और सुरक्षित स्थान पर रहें।
फिलहाल वन विभाग द्वारा क्षेत्र की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। अधिकारियों ने ग्रामीणों को सावधानी बरतने और किसी भी संदिग्ध वन्यजीव गतिविधि की जानकारी तत्काल विभाग तक पहुंचाने की सलाह दी है। विभाग का उद्देश्य लोगों को जागरूक रखते हुए किसी भी संभावित स्थिति से सुरक्षित तरीके से निपटना है।
News Editor- (Jyoti Parjapati)
सभी समाचार देखें सिर्फ अनदेखी खबर सबसे पहले सच के सिवा कुछ नहीं ब्यूरो रिपोर्टर :- अनदेखी खबर ।
YouTube Official Channel Link:
https://youtube.com/@atozcrimenews?si=_4uXQacRQ9FrwN7q
YouTube Official Channel Link:
https://www.youtube.com/@AndekhiKhabarNews
Facebook Official Page Link:
https://www.facebook.com/share/1AaUFqCbZ4/
Whatsapp Group Join Link:
https://chat.whatsapp.com/KuOsD1zOkG94Qn5T7Tus5E?mode=r_c
अनदेखी खबर न्यूज़ पेपर भारत का सर्वश्रेष्ठ पेपर और चैनल है न्यूज चैनल राजनीति, मनोरंजन, बॉलीवुड, व्यापार और खेल में नवीनतम समाचारों को शामिल करता है। अनदेखी खबर न्यूज चैनल की लाइव खबरें एवं ब्रेकिंग न्यूज के लिए हमारे चैनल को Subscribe, like, share करे।