Interview Process : हापुड़ जिले में सोशल आडिट टीमों के गठन के लिए साक्षात्कार प्रक्रिया 09 मार्च से ?

Interview Process : हापुड़ जिले में सोशल आडिट टीमों के गठन के लिए साक्षात्कार प्रक्रिया 09 मार्च से

Interview Process : हापुड़ जिले में सोशल आडिट टीमों के गठन के लिए साक्षात्कार प्रक्रिया 09 मार्च से
Interview Process : हापुड़ जिले में सोशल आडिट टीमों के गठन के लिए साक्षात्कार प्रक्रिया 09 मार्च से

हापुड़।

जनपद हापुड़ में सरकारी योजनाओं के पारदर्शी और प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने सोशल आडिट टीमों के गठन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिला विकास अधिकारी की ओर से वर्ष 2026-27 और 2028 के लिए जनपद की 273 ग्राम पंचायतों में सोशल आडिट के लिए चार सदस्यीय टीमों का पैनल तैयार किया जाएगा। यह पहल विशेष रूप से योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की जा रही है।

इस प्रक्रिया के अंतर्गत हापुड़ ब्लाक की सोशल आडिट टीम के सदस्यों का चयन 09 मार्च से शुरू होगा। इसके बाद क्रमशः 10 मार्च को सिम्भावली ब्लाक, 11 मार्च को गढ़मुक्तेश्वर ब्लाक और 12 मार्च को धौलाना ब्लाक के लिए साक्षात्कार आयोजित किए जाएंगे। सभी विकास खंडों में संचालित योजनाओं जैसे मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण और अन्य महत्वपूर्ण योजनाओं के कार्यों का सोशल आडिट इन टीमों द्वारा किया जाएगा।

सोशल आडिट टीमों के चयन की प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए उच्च स्तरीय चयन समिति का गठन किया गया है। इस समिति में विकास खंड अधिकारी, अध्यक्ष, राजकीय इंटर कॉलेज के प्रवक्ता सदस्य और जिला सोशल आडिट समन्वयक को सदस्य सचिव के रूप में शामिल किया गया है। समिति सुनिश्चित करेगी कि टीम के चयन में निष्पक्षता और योग्य उम्मीदवारों को प्राथमिकता दी जाए।

Interview Process : हापुड़ जिले में सोशल आडिट टीमों के गठन के लिए साक्षात्कार प्रक्रिया 09 मार्च से
Interview Process : हापुड़ जिले में सोशल आडिट टीमों के गठन के लिए साक्षात्कार प्रक्रिया 09 मार्च से

साक्षात्कार संबंधित खंड विकास कार्यालय के सभागार कक्ष में आयोजित किए जाएंगे।

इसमें शामिल उम्मीदवारों का मूल्यांकन उनके अनुभव, योग्यता और योजना कार्यान्वयन के ज्ञान के आधार पर किया जाएगा। चयनित सदस्य चार सदस्यीय टीमों में शामिल होकर ग्राम पंचायतों में कार्यों का सोशल आडिट करेंगे, जिससे यह सुनिश्चित होगा कि योजनाओं का लाभ सीधे और प्रभावी रूप से ग्रामीण जनता तक पहुंचे।

जिला प्रशासन ने इस प्रक्रिया की सूचना ग्रामीणों और योग्य उम्मीदवारों को पहले से दे दी है, ताकि सभी इच्छुक प्रतिभागी निर्धारित तिथियों पर साक्षात्कार में भाग ले सकें। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि सोशल आडिट का उद्देश्य केवल शिकायतों का निस्तारण करना नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि योजनाओं का कार्य पारदर्शी तरीके से हो और किसी प्रकार की अनियमितता न हो।

इस पहल के माध्यम से जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि हापुड़ जनपद में योजनाओं के प्रभावी कार्यान्वयन और ग्रामीण विकास में जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए हर स्तर पर कड़े प्रयास किए जा रहे हैं। सोशल आडिट टीमों की सक्रियता से ग्राम पंचायतों में सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को वास्तविक लाभ मिल सकेगा और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और सुधार सुनिश्चित होगा।

सारांश में, हापुड़ जिले में 09 मार्च से शुरू हो रहे सोशल आडिट टीमों के साक्षात्कार कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण विकास योजनाओं के पारदर्शी और जवाबदेह कार्यान्वयन को सुनिश्चित करना है। चयनित टीमें योजनाओं के हर पहलू का आडिट करेंगी और प्रशासन को समय पर रिपोर्ट उपलब्ध कराएंगी, जिससे योजना के लाभार्थियों तक सही और न्यायसंगत लाभ पहुँच सके।

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