Black spot : सड़क हादसों पर रोक के लिए सुरक्षा समिति की बैठक, ब्लैक स्पॉट सुधार पर जोर

दमोह। जिले में बढ़ते सड़क हादसों पर प्रभावी नियंत्रण लगाने और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में सड़क सुरक्षा समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने की। बैठक में जिले में हो रही सड़क दुर्घटनाओं के कारणों, दुर्घटना संभावित क्षेत्रों और हादसों की रोकथाम के लिए किए जा रहे प्रयासों की विस्तार से समीक्षा की गई।
बैठक में पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगि (भापुसे) सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों से जिले में होने वाली सड़क दुर्घटनाओं की स्थिति, प्रमुख कारणों और संवेदनशील स्थानों के संबंध में जानकारी ली गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं, ताकि दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके और आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित हो।
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कहा कि सड़क हादसों को रोकने के लिए केवल प्रशासनिक कार्रवाई ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय और आम जनता की भागीदारी भी आवश्यक है। उन्होंने निर्देश दिए कि जिले में चिन्हित ब्लैक स्पॉट की पहचान कर वहां सुधार कार्य तेजी से कराए जाएं।
उन्होंने कहा कि दुर्घटना संभावित स्थानों पर आवश्यक साइनेज लगाए जाएं, स्पीड नियंत्रण के लिए उचित व्यवस्था की जाए और यातायात नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सड़क निर्माण और मरम्मत कार्यों में सड़क सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि भविष्य में दुर्घटनाओं की संभावना को कम किया जा सके।
बैठक में सड़क किनारे संकेतक बोर्ड, प्रकाश व्यवस्था, स्पीड ब्रेकर, डिवाइडर और अन्य सुरक्षा उपायों पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि जहां भी सड़क सुरक्षा से जुड़ी कमियां सामने आएं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए।
कलेक्टर ने जनजागरूकता अभियान चलाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना बेहद जरूरी है। हेलमेट पहनना, सीट बेल्ट का उपयोग करना, तेज गति से वाहन न चलाना और नशे की हालत में वाहन न चलाने जैसे नियमों के प्रति आमजन को लगातार जागरूक किया जाना चाहिए।
पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगि ने बैठक में पुलिस विभाग द्वारा किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में नियमित पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए। साथ ही यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए नियमों का पालन करना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। पुलिस विभाग द्वारा समय-समय पर जांच अभियान और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि लोगों में यातायात नियमों के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित हो।
बैठक में जिला परिवहन अधिकारी स्वाति पाठक, पीडब्ल्यूडी अधिकारी जेपी सोनकर, यातायात थाना प्रभारी दलबीर सिंह मार्को, प्रधानमंत्री सड़क योजना के महाप्रबंधक देवेश साहू, नगर पालिका प्रतिनिधि सुरेंद्र कुमार सहित अन्य पुलिस एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
सभी अधिकारियों ने सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए आपसी समन्वय के साथ कार्य करने पर सहमति व्यक्त की। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि सड़क सुरक्षा से जुड़े सभी विभाग नियमित रूप से समीक्षा करेंगे और दुर्घटना रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाएंगे।
सड़क सुरक्षा समिति की यह बैठक जिले में यातायात व्यवस्था को मजबूत करने और सड़क हादसों पर प्रभावी नियंत्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है। प्रशासन का उद्देश्य सुरक्षित सड़क व्यवस्था तैयार करना है, जिससे आम नागरिकों का सफर अधिक सुरक्षित और सुगम बनाया जा सके।
